धन जमा करना और ऋण लेना 10th Class social scince full story
नीचे “धन जमा करना और ऋण लेना” (Money and Credit) – कक्षा 10 सामाजिक विज्ञान (अर्थशास्त्र) का पूरा अध्याय (Full Story / Summary in Hindi) सरल भाषा में दिया गया है:
धन जमा करना और ऋण लेना – पूरा अध्याय (Full Story / Summary in Hindi)
कक्षा 10 के अर्थशास्त्र का यह अध्याय बताता है कि समाज में धन (Money) औ ऋण (Credit) किस तरह काम करते हैं और ये हमारे दैनिक जीवन तथा अर्थव्यवस्था को कैसे प्रभावित करते हैं।
1. धन क्या है? (What is Money?)
पुराने समय में वस्तुओं का वस्तु-विनिमय (Barter System) होता था। इसमें वस्तु के बदले वस्तु दी जाती थी — जैसे गेहूँ के बदले कपड़े।
समस्या यह थी कि दोनों पक्षों की आवश्यकताएँ एक जैसी होनी चाहिए।
इन्हीं समस्याओं को दूर करने के लिए धन का प्रचलन हुआ।
आज धन कई रूपों में उपयोग होता है—
- सिक्के
- नोट
- चेक
- ऑनलाइन पेमेंट
- बैंक बैलेंस
धन का मुख्य कार्य है—
- भुगतान आसान करना
- वस्तुओं का मूल्य तय करना
- बचत जमा करना
2. क्रेडिट (ऋण) क्या है?
जब कोई व्यक्ति या संस्था किसी से धन उधार लती है, उसे क्रेडिट (Loan / ऋण) कहा जाता है।
ऋण लेना आज जीवन का आवश्यक हिस्सा है—
- किसान खेती के लिए
- व्यापारी कारोबार के लिए
- छात्र शिक्षा के लिए
- घर खरीदने के लिए
ऋण के साथ ब्याज (Interest) जुड़ा होता है। उधारकर्ता समय पर भुगतान करने का वादा करता है।
3. क्रेडिट के फायदे और नुकसान
क्रेडिट सही स्थिति में बहुत फायदेमंद होता है, लेकिन गलत समय पर बड़ा नुकसान भी करा सकता है।
फायदे:
- व्यापार/खेती में निवेश बढ़ता है
- आर्थिक स्थिति सुधरती है
- नई संभावनाएँ पैदा होती हैं
नुकसान:
- फसल खराब हो जाए, व्यवसाय नुकसान करे तो ऋण चुकाना मुश्किल
- ब्याज बढ़ता जाता है
- कई बार उधार के चक्कर में गरीबी गहराती है
पुस्तक में रामलाल के उदाहरण से दखाया गया है कि कैसे एक किसान ने उधार लिया, लेकिन फसल खराब होने से नुकसान उठाया और कर्ज बढ़ गया।
4. ऋण के स्रोत (Sources of Credit)
भारत में दो तरह के ऋण स्रोत हैं:
(A) औपचारिक स्रोत (Formal Sources)
ये सरकारी नियमों से चलते हैं:
- बैंक
- सहकारी संस्थाएँ
लाभ:
- कम ब्याज
- नियम-शर्तें स्पष्ट
- लोगों का संरक्षण होता है
- कर्ज के लिए पूरा रिकॉर्ड
(B) अनौपचारिक स्रोत (Informal Sources)
ये बिना सरकारी नियंत्रण के पैसा देते हैं:
- साहूकार
- रिश्तेदार
- व्यापारियों
- महाजन
नुकसान:
- बहुत अधिक ब्याज
- किसी प्रकार की सुरक्षा नहीं
- कई बार शोषण होता है
भारत में गाँवों में आज भी 50% से ज्यादा लोग अनौपचारिक स्रोतों से ही धन लेते हैं।
5. बैंक के कार्य (Functions of Banks)
बैंक हमारे पैसे को सुरक्षित रखते हैं और हमें जरूरत पर लोन देते हैं।
बैंक क्या करते हैं?
- जनता से पैसा जमा करते हैं
- उस पैसे का उपयोग लोन देने में करते हैं
- जमा करने वाले को ब्याज देते हैं
- लोन लेने वाले से ब्याज कमाते हैं
- इसी तरह बैंक पैसा कमाते हैं।
बैंक आधुनिक समय में—
- ATM
- डेबिट कार्ड
- मोबाइल बैंकिंग
- UPI
भी उपलब्ध कराते हैं।
6. स्व-सहायता समूह (SHGs)
गाँव की महिलाओं के छोटे-छोटे समूह, जिन्हें स्व-सहायता समूह कहते हैं:
- हर सदस्य थोड़ी राशि जमा करता है
- जरूरत पड़ने पर समूह अपने सदस्यों को कम ब्याज पर ऋण देता है
- धीरे-धीरे बैंक भी इन्हें लोन देने लगते हैं
- महिलाएँ आत्मनिर्भर बनती हैं
यह ग्रामीण विकास में बहुत मददगार साबित हुए हैं।
7. क्यों जरूरी है औपचारिक ऋण?
अनौपचारिक स्रोत गरीब लोगों का शोषण करते हैं। इसलिए सरकार और RBI औपचारिक स्रोतों को बढ़ावा देती है:
- सभी को बैंक खाता
- जन-धन योजना
- कम ब्याज वाले लोन
- माइक्रोफाइनेंस
अगर गरीब को सही शर्तों पर लोन मिले, तो वह गरीबी से निकल सकता है।
अध्याय का निष्कर्ष (Conclusion)
धन और क्रेडिट किसी भी अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं।
नीचे “धन जमा करना और ऋण लेना” – कक्षा 10 सामाजिक विज्ञान अध्याय का सारांश, लघु उत्तरीय प्रश्न, दीर्घ उत्तरीय प्रश्न और प्रश्न-उत्तर दिए गए हैं।
यह परीक्षा की दृष्टि से पूर्ण एवं सरल सामग्री है।
📌 अध्याय का सारांश (Summary in Hindi)
यह अध्याय बताता है कि धन (Money) और ऋण (Credit) आर्थिक जीवन का आधार हैं।
पुराने समय के वस्तु-विनिमय प्रणाली की जगह आज बैंकिंग व्यवस्था ने ले ली है, जिसमें:
- धन का उपयोग भुगतान, बचत और लेन-देन के लिए होता है।
- लोग अपनी जरूरतों के लिए ऋण लेते हैं। यह ऋण उन्हें अपने काम, खेती या व्यापार को बढ़ाने में मदद करता है।
लेकिन ऋण फायदेमंद या नुकसानदायक दोनों हो सकता है।
अगर उधार लिए गए धन से लाभ मिलता है तो जीवन सुधरता है;
अगर समय पर ऋण चुकता न हो, तो व्यक्ति कर्ज के जाल में फँस जाता है।
भारत में ऋण के दो प्रकार के स्रोत हैं:
1:औपचारिक स्रोत – बैंक, सहकारी समितियाँ
2 :अनौपचारिक स्रोत – साहूकार, महाजन, रिश्तेदार
औपचारिक स्रोत कम ब्याज और सुरक्षित होते हैं, जबकि अनौपचारिक स्रोत अक्सर ऊँचा ब्याज लेकर लोगों का शोषण करते हैं।
स्व-सहायता समूह (SHG) ग्रामीण क्षेत्रों में गरीब महिलाओं को सशक्त बनाते हैं और कम ब्याज पर ऋण उपलब्ध कराते हैं।
अंत में, यह अध्याय बताता है कि धन और ऋण दोनों का सही उपयोग समाज और अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाता है।
📌 लघु उत्तरीय प्रश्न (Short Answer Questions)
1. धन की आवश्यकता क्यों होती है?
धन से वस्तुओं और सेवाओं का आदान-प्रदान आसान हो जाता है। यह विनिमय की समस्याओं को दूर करता है और बचत, खरीद एवं व्यापार में उपयोग होता है।
2. औपचारिक ऋण स्रोत कौन-कौन से हैं?
बैंक, सहकारी समितियाँ और सरकारी वित्तीय संस्थाएँ औपचारिक ऋण स्रोत हैं।
3. अनौपचारिक ऋण स्रोत क्या हैं?
साहूकार, महाजन, व्यापारी, रिश्तेदार आदि अनौपचारिक ऋण देते हैं, जिन पर ब्याज अधिक होता है।
4. स्व-सहायता समूह क्या हैं?
गाँवों में 10–15 महिलाओं का समूह जो हर महीने थोड़ी राशि जमा कर एक-दूसरे को कम ब्याज पर ऋण देता है।
5. क्रेडिट के दो प्रभाव लिखिए।
- सकारात्मक प्रभाव: आर्थिक स्थिति में सुधार
- नकारात्मक प्रभाव: समय पर ऋण न भरने पर कर्ज का बोझ बढ़ता है
📌 दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (Long Answer Questions)
1. औपचारिक और अनौपचारिक ऋण स्रोतों में अंतर स्पष्ट करें।
औपचारिक स्रोत:
- बैंक और सहकारी समितियाँ
- ब्याज दर कम व निश्चित
- RBI द्वारा नियंत्रित
- दस्तावेज और सुरक्षा आवश्यक
- लोगों को शोषण से बचाते हैं
अनौपचारिक स्रोत:
- साहूकार, महाजन, रिश्तेदार
- ब्याज बहुत अधिक
- कोई सरकारी नियंत्रण नहीं
- कई बार किसान व गरीब शोषण के शिकार
- कर्ज का बोझ बढ़ जाता है
2. धन हमारे जीवन को किस प्रकार प्रभावित करता है?
धन हमारे दैनिक जीवन में महत्वपूर्ण है क्योंकि यह विनिमय को सरल बनाता है, वस्तुओं का मूल्य निश्चित करता है, बचत करने की सुविधा देता है और भविष्य के लिए सुरक्षा प्रदान करता है। बिना धन के आधुनिक अर्थव्यवस्था का संचालन संभव नहीं है।
3. क्रेडिट (Loan) कैसे फायदेमंद और नुकसानदायक दोनों हो सकता है?
क्रेडिट सही समय और सही उद्देश्य से लिया जाए तो आय बढ़ाता है, व्यापार बढ़ता है और व्यक्ति की आर्थिक स्थिति मजबूत होती है।
लेकिन जब ऋण का उपयोग गलत ढंग से हो या उम्मीद के विपरीत परिणा (जैसे फसल खराब हो जाना) मिले, तो ऋण चुकाना मुश्किल हो जाता है और व्यक्ति कर्ज के जाल में फँस जाता है।
4. स्व-सहायता समूह (SHG) ग्रामीण विकास में कैसे सहायक हैं?
SHG ग्रामीण महिलाओं को:
- बचत की आदत
- कम ब्याज पर ऋण
- छोटे व्यवसाय शुरू करने में मदद
- आत्मनिर्भरता
- बैंक से जोड़ने में सहायता
देते हैं। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होती है।
📌 महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर (Important Q&A)
1. बैंक कैसे पैसा कमाते हैं?
बैंक लोगों से जमा लेकर उस पैसे को दूसरों को ऋण देकर ब्याज कमाते हैं। जमा पर कम, तथा ऋण पर अधिक ब्याज लेते हैं।
2. ऋण में ब्याज क्या होता है?
उधार ली गई राशि पर अतिरिक्त भुगतान को ब्याज कहते हैं।
3. क्यों औपचारिक ऋण स्रोत गरीबों के लिए आवश्यक हैं?
क्योंकि ये कम ब्याज पर ऋण देते हैं और शोषण की संभावना कम होती है।
4. UPI और डिजिटल बैंकिंग का महत्व क्या है?
लेन-देन तेज, सुरक्षित और रिकॉर्ड के साथ आसानी से किया जाता है।
नीचे “धन जमा करना और ऋण लेना” – कक्षा 10 सामाजिक विज्ञान अध्याय के
✔ MCQ
✔ एक शब्द / परिभाषा वाले प्रश्न
✔ महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर
पूरी तरह तैयार करके दिए गए हैं।
⭐ MCQ (बहुविकल्पी प्रश्न)
1. धन का मुख्य कार्य है—
A. वस्तुओं का उत्पादन
B. विनिमय का माध्यम
C. कर संग्रह करना
D. रोजगार देना
✔ उत्तर: B
2. निम्न में से कौन औपचारिक ऋण स्रोत है?
A. साहूकार
B. बैंक
C. महाजन
D. व्यापारी
✔ उत्तर: B
3. साहूकार किस प्रकार का ऋण स्रोत है?
A. औपचारिक
B. अनौपचारिक
C. विदेशी
D. सरकारी
✔ उत्तर: B
4. बैंक पैसा कैसे कमाते हैं?
A. दान प्राप्त करके
B. जमा पर अधिक ब्याज देकर
C. ऋण पर अधिक ब्याज लेकर
D. नोट छापकर
✔ उत्तर: C
5. क्रेडिट (Loan) का नकारात्मक प्रभाव क्या है?
A. लाभ में वृद्धि
B. कर्ज का बोझ
C. व्यापार बढ़ना
D. बचत बढ़ना
✔ उत्तर: B
6. SHG में सामान्यतः कितने सदस्य होते हैं?
A. 5–10
B. 10–15
C. 20–30
D. 50–60
✔ उत्तर: B
7. किसने औपचारिक ऋण को नियंत्रित किया है?
A. राज्य सरकार
B. RBI
C. जिला पंचायत
D. निजी व्यापारी
✔ उत्तर: B
8. निम्न में से कौन डिजिटल भुगतान का रूप है?
A. चेक
B. UPI
C. पोस्टकार्ड
D. पासबुक
✔ उत्तर: B
9. ब्याज क्या है?
A. उधार ली गई राशि
B. अतिरिक्त रकम
C. दान राशि
D. कर भुगतान
✔ उत्तर: B
10. स्व-सहायता समूह किसके लिए बनाए जाते हैं?
A. व्यापार को बढ़ाने
B. महिलाओं को आर्थिक सहायता देने
C. स्कूल बनाने
D. कृषि सुधार हेतु
✔ उत्तर: B
⭐ एक शब्द / परिभाषा वाले प्रश्न (One Word / Definitions)
1. क्रेडिट क्या है?
➡ ऋण या उधार ली गई धनराशि।
2. ब्याज क्या है?
➡ उधार पर दी जाने वाली अतिरिक्त राशि।
3. औपचारिक ऋण स्रोत क्या हैं?
➡ बैंक और सहकारी समितियाँ।
4. अनौपचारिक ऋण स्रोत क्या हैं?
➡ साहूकार, महाजन, व्यापारी।
5. SHG का पूरा नाम बताइए।
➡ Self Help Group (स्व-सहायता समूह)
6. विनिमय का माध्यम किसे कहते हैं?
➡ धन को।
7. RBI क्या है?
➡ भारतीय रिज़र्व बैंक।
8. लोन पर दिया जाने वाला अतिरिक्त पैसा क्या कहलाता है?
➡ ब्याज।
9. डिजिटल भुगतान का एक उदाहरण लिखिए।
➡ UPI।
10. बैंक की जमा राशि को क्या कहते हैं?
➡ डिपॉज़िट।
⭐ महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर (Important Q&A)
1. बैंक का मुख्य कार्य क्या है?
बैंक लोगों से धन जमा लेते हैं और जरूरतमंद लोगों को ऋण देते हैं। वे जमा पर ब्याज कम देते हैं और ऋण पर अधिक ब्याज लेते हैं, जिससे वे लाभ कमाते हैं।
2. क्रेडिट (Loan) कैसे लाभदायक हो सकता है?
अगर उधार लिया गया पैसा व्यवसाय, खेती या रोजगार में सही उपयोग हो तो व्यक्ति की आय बढ़ सकती है और उसकी आर्थिक स्थिति सुधरती है।
3. अनौपचारिक ऋण स्रोत हानिकारक क्यों माने जाते हैं?
क्योंकि वे बहुत अधिक ब्याज लेते हैं, सरकारी नियंत्रण नहीं होता, और कई बार गरीबों का शोषण करते हैं।
4. औपचारिक और अनौपचारिक ऋण स्रोतों में दो अंतर लिखिए।
औपचारिक स्रोत (बैंक) कम ब्याज लेते हैं, अनौपचारिक (साहूकार) अधिक ब्याज लेते हैं।
औपचारिक स्रोत सरकारी नियमों से चलते हैं, अनौपचारिक किसी नियम के अधीन नहीं होते।
5. स्व-सहायता समूह ग्रामीण महिलाओं के लिए कैसे उपयोगी हैं?
SHG महिलाओं को कम ब्याज पर ऋण देते हैं, छोटे व्यवसाय शुरू करने में सहायता करते हैं, उन्हें बैंकिंग से जोड़ते हैं और आत्मनिर्भर बनाते हैं।
6. क्रेडिट का नकारात्मक प्रभाव क्या होता है?
अगर ऋण समय पर न चुकाया जाए या काम में नुकसान हो जाए, तो कर्ज का बोझ बढ़ जाता है और व्यक्ति आर्थिक संकट में फँस सकता है।
7. धन को विनिमय का माध्यम क्यों कहा जाता है?
क्योंकि धन के माध्यम से वस्तुओं और सेवाओं की खरीद-बिक्री सरलता से होती है और मूल्य का निर्धारण आसान होता है।
8. बैंकिंग प्रणाली अर्थव्यवस्था में कैसे सहायक है?
बैंक जमा को सुरक्षित रखते हैं, ऋण देकर आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देते हैं, और लेन-देन को सुगम बनाते हैं।
नीचे “धन जमा करना और ऋण लेना” – कक्षा 10 सामाजिक विज्ञान अध्याय के 50 महत्वपूर्ण Objective Questions (MCQ + One-Liner Type) दिए गए हैं।
ये परीक्षा के लिए बेहद उपयोगी हैं।
⭐ 50 Objective Important Questions
(प्रत्येक प्रश्न के अंत में ✔ सही उत्तर दिया गया है)
1. धन का मुख्य कार्य है—
(a) उत्पादन करना
(b) विनिमय का माध्यम
(c) रोजगार देना
(d) कर लगाना
✔ उत्तर: (b)
2. बार्टर सिस्टम किससे संबंधित है?
(a) बैंक
(b) वस्तु-विनिमय
(c) खेती
(d) उद्योग
✔ उत्तर: (b)
3. बैंक जमा पर क्या देता है?
(a) दंड
(b) ब्याज
(c) पुरस्कार
(d) कूपन
✔ उत्तर: (b)
4. ऋण पर भुगतान की जाने वाली अतिरिक्त राशि कहलाती है—
(a) कर
(b) ब्याज
(c) जुर्माना
(d) लाभ
✔ उत्तर: (b)
5. कौन सा ऋण स्रोत औपचारिक है?
(a) साहूकार
(b) बैंक
(c) महाजन
(d) रिश्तेदार
✔ उत्तर: (b)
6. साहूकार किस प्रकार का ऋण स्रोत है?
(a) औपचारिक
(b) अनौपचारिक
(c) सरकारी
(d) कानूनी
✔ उत्तर: (b)
7. RBI का पूरा नाम है—
(a) रिज़र्व बैंक ऑफ इंडिया
(b) रूरल बैंक ऑफ इंडिया
(c) रॉयल बैंक ऑफ इंडिया
(d) रियल बैंक ऑफ इंडिया
✔ उत्तर: (a)
8. बैंक ऋण देकर क्या कमाते हैं?
(a) वेतन
(b) दान
(c) ब्याज
(d) सहायत
✔ उत्तर: (c)
9. डिजिटल भुगतान का उदाहरण है—
(a) पासबुक
(b) ATM कार्ड
(c) UPI
(d) प्रोविडेंट फंड
✔ उत्तर: (c)
10. SHG अधिकतर किसके लिए बनाए जाते हैं?
(a) स्कूल
(b) महिलाओं के विकास
(c) सड़क निर्माण
(d) खेती
✔ उत्तर: (b)
11. औपचारिक ऋण स्रोत किसके नियंत्रण में होते हैं?
(a) पंचायत
(b) RBI
(c) जिला प्रशासन
(d) प्रधान
✔ उत्तर: (b)
12. लोन लेने वाला व्यक्ति क्या कहलाता है?
(a) उधारदाता
(b) उधारकर्ता
(c) व्यापारी
(d) किसान
✔ उत्तर: (b)
13. ऋण का सकारात्मक प्रभाव है—
(a) नुकसान
(b) आय में वृद्धि
(c) गरीबी
(d) कर्ज का बोझ
✔ उत्तर: (b)
14. अनौपचारिक स्रोत की सबसे बड़ी समस्या है—
(a) नियम
(b) ऊँची ब्याज दर
(c) सरकारी नियंत्रण
(d) कम कर्ज
✔ उत्तर: (b)
15. बैंक किसका उपयोग लोन देने में करते हैं?
(a) सरकारी धन
(b) जनता की जमा राशि
(c) विदेशी मुद्रा
(d) टोकन
✔ उत्तर: (b)
16. विनिमय का माध्यम है—
(a) सोना
(b) धन
(c) फसल
(d) कपड़ा
✔ उत्तर: (b)
17. बचत रखने का सबसे सुरक्षित स्थान है—
(a) घर
(b) बैंक
(c) दुकान
(d) साहूकार
✔ उत्तर: (b)
18. ATM का पूरा नाम क्या है?
(a) Automated Teller Machine
(b) Active Transfer Machine
(c) Automatic Trade Machine
(d) All Time Money
✔ उत्तर: (a)
19. ब्याज दर किसमें अधिक होती है?
(a) बैंक
(b) सहकारी समितियाँ
(c) साहूकार
(d) पोस्ट ऑफिस
✔ उत्तर: (c)
20. बैंक की जमा राशि कहलाती है—
(a) लोन
(b) डिपॉज़िट
(c) शेयर
(d) चेक
✔ उत्तर: (b)
21. बिना नियमों के जो ऋण दिया जाता है, उसे कहते हैं—
(a) औपचारिक ऋण
(b) अनौपचारिक ऋण
(c) सरकारी ऋण
(d) ग्रामीण ऋण
✔ उत्तर: (b)
22. बैंक किससे सुरक्षा प्रदान करते हैं?
(a) चोरी
(b) लोन
(c) कर
(d) मुद्रा संकट
✔ उत्तर: (a)
23. SHG की विशेषता है—
(a) बड़े ऋण
(b) कम ब्याज
(c) सरकारी नियंत्रण
(d) भारी दस्तावेज
✔ उत्तर: (b)
24. क्रेडिट का अर्थ है—
(a) निवेश
(b) उधार
(c) बचत
(d) उत्पादन
✔ उत्तर: (b)
25. किसे विनिमय की समस्या ने जन्म दिया?
(a) बैंक
(b) धन
(c) फसल
(d) दुकाने
✔ उत्तर: (b)
26. चेक किसका उदाहरण है?
(a) इलेक्ट्रॉनिक धन
(b) कागजी क्रेडिट
(c) डिजिटल करेंसी
(d) अनौपचारिक धन
✔ उत्तर: (b)
27. अनौपचारिक ऋण का नियंत्रण कौन करता है?
(a) कोई नहीं
(b) RBI
(c) पंचायत
(d) पुलिस
✔ उत्तर: (a)
28. कर्ज का दुष्चक्र कहाँ आम है?
(a) शहर
(b) गाँव
(c) विदेश
(d) बाजार
✔ उत्तर: (b)
29. बैंकिंग का आधुनिक रूप है—
(a) मोबाइल बैंकिंग
(b) साहूकारी
(c) बार्टर सिस्टम
(d) गोल्ड लोन
✔ उत्तर: (a)
30. SHG के सदस्य सामान्यतः कितनी राशि जमा करते हैं?
(a) 1,000
(b) 100–200 प्रति माह
(c) 10,000
(d) 5,000
✔ उत्तर: (b)
31. ऋण में जोखिम किसके कारण होता है?
(a) नुकसान
(b) लाभ
(c) बचत
(d) डिजिटल भुगतान
✔ उत्तर: (a)
32. किसान ऋण क्यों लेते हैं?
(a) मोबाइल खरीदने
(b) खेती के काम
(c) सैर करने
(d) नया घर सजाने
✔ उत्तर: (b)
33. बैंकिंग का शुरुआती रूप क्या था?
(a) डिजिटल वॉलेट
(b) वस्तु-विनिमय
(c) साहूकारी
(d) चेक प्रणाली
✔ उत्तर: (c)
34. आर्थिक जीवन का महत्वपूर्ण अंग क्या है?
(a) ऋण
(b) धन
(c) उत्पादन
(d) सेवा
✔ उत्तर: (b)
35. अत्यधिक ब्याज लेने वाला कौन होता है?
(a) बैंक
(b) सहकारी समिति
(c) साहूकार
(d) ATM
✔ उत्तर: (c)
36. बैंक पर सरकारी नियंत्रण किसके द्वारा होता है?
(a) राज्य
(b) RBI
(c) पंचायत
(d) मंत्री
✔ उत्तर: (b)
37. डिजिटल पेमेंट का लाभ है—
(a) समय अधिक लगता है
(b) रिकॉर्ड सुरक्षित रहता है
(c) चोरी बढ़ती है
(d) जालसाजी बढ़ती है
✔ उत्तर: (b)
38. भारत में सबसे अधिक ऋण कौन देता है?
(a) बैंक
(b) साहूकार
(c) निजी कंपनियाँ
(d) विदेशी बैंक
✔ उत्तर: (b) (ग्रामीण क्षेत्रों में)
39. बैंक का दूसरा नाम क्या है?
(a) जमा केंद्र
(b) वित्तीय संस्थान
(c) उधार बाजार
(d) सरकारी दफ्तर
✔ उत्तर: (b)
40. ऋण को अंग्रेजी में क्या कहते हैं?
(a) Deposit
(b) Loan
(c) Cash
(d) Credit
✔ उत्तर: (d)
41. परस्पर सहायता किसमें मिलती है?
(a) बैंक
(b) SHG
(c) साहूकार
(d) बाजार
✔ उत्तर: (b)
42. बैंक पासबुक क्या दिखाती है?
(a) खर्च
(b) जमा और निकासी
(c) बीमा
(d) ऋण इतिहास
✔ उत्तर: (b)
43. ऋण चुकाने में असफल होने का परिणाम है—
(a) लाभ
(b) कर्ज का बोझ
(c) बचत
(d) बोनस
✔ उत्तर: (b)
44. वस्तु-विनिमय की सबसे बड़ी समस्या थी—
(a) मूल्य
(b) इच्छा की समानता
(c) उत्पादन
(d) मांग
✔ उत्तर: (b)
45. सहकारी समितियाँ किस प्रकार का ऋण देती हैं?
(a) अनौपचारिक
(b) औपचारिक
(c) विदेशी
(d) व्यावसायिक
✔ उत्तर: (b)
46. ऋण की शर्तें किसमें स्पष्ट होती हैं?
(a) अनौपचारिक
(b) औपचारिक
(c) निजी
(d) रिश्तेदार
✔ उत्तर: (b)
47. SHG का नियंत्रक कौन है?
(a) गाँव
(b) स्वयं सदस्य
(c) बैंक
(d) पंचायत
✔ उत्तर: (b)
48. पैसा कहाँ सबसे सुरक्षित है?
(a) घर
(b) बैंक
(c) दुकान
(d) रिश्तेदार
✔ उत्तर: (b)
49. किसानों के लिए सबसे बड़ा ऋण खतरा है—
(a) बारिश
(b) ब्याज
(c) फसल खराब होना
(d) मशीनें
✔ उत्तर: (c)
50. अर्थव्यवस्था की रीढ़ किसे कहा जाता है?
(a) उत्पादन
(b) उद्योग
(c) धन और ऋण
(d) व्यापार
✔ उत्तर: (c)
⭐ धन जमा करना और ऋण लेना – आउट्रो (Conclusion / Outro)
अध्याय “धन जमा करना और ऋण लेना” हमें यह समझाता है कि किसी भी व्यक्ति, परिवार या देश की आर्थिक व्यवस्था सही ढंग से तभी चल सकती है, जब धन का उचित उपयोग और प्रबंधन किया जाए। धन केवल नोटों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हमारे दैनिक जीवन की हर गतिविधि को प्रभावित करता है — वस्तुओं की खरीद-बिक्री, सेवाओं का आदान-प्रदान, व्यवसाय शुरू करना, खेती-बाड़ी, आपातकालीन जरूरतें—ये सभी धन और ऋण की व्यवस्था पर निर्भर करते हैं।
इस अध्याय का सबसे महत्वपूर्ण संदेश यही है कि विश्वसनीय और सुरक्षित वित्तीय संस्था का चयन अत्यंत आवश्यक है। औपचारिक ऋण स्रोत जैसे बैंक और सहकारी समितियाँ कम ब्याज, स्पष्ट नियम और सरकारी नियंत्रण के कारण अधिक सुरक्षित और लाभकारी मानी जाती हैं। इसके विपरीत, अनौपचारिक स्रोतों से लिया गया ऋण कई बार व्यक्ति को कर्ज के दुष्चक्र में फँसा देता है। इसीलिए सही निर्णय और समय पर पुनर्भुगतान आर्थिक स्थिरता के लिए बहुत जरूरी है।
स्व-सहायता समूह (SHGs) जैसे प्रयास यह साबित करते हैं कि यदि लोग मिलकर काम करें, तो छोटे-छोटे बचत समूह भी बड़े बदलाव ला सकते हैं। ये समूह खासकर ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाते हैं और उन्हें बैंकिंग प्रणाली से जोड़ते हैं। आज डिजिटल भुगतान, मोबाइल बैंकिंग और UPI जैसे साधन लेन-देन को और भी सरल, तेज और सुरक्षित बना रहे हैं।
आखिर में, इस अध्याय से हमें सीख मिलती है कि—
✔ सही जगह धन जमा करना सुरक्षा देता है
✔ सही स्रोत से लिया गया ऋण विकास का साधन बनता है
✔ ब्याज और शर्तों को समझकर निर्णय लेना जरूरी है
✔ संगठित वित्तीय व्यवस्था किसी भी अर्थव्यवस्था की रीढ़ होती है
इस प्रकार, धन जमा करने और ऋण लेने की समझ न केवल परीक्षा के लिए, बल्कि जीवन भर उपयोगी है। सही आर्थिक निर्णय व्यक्ति को गरीबी से उबार सकते हैं और समृद्ध भविष्य की ओर ले जा सकते हैं।
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